महाशिवरात्रि के शुभ अवसर पर आचार्य श्री अरुण कुमार पाण्डेय के सानिध्य में शिव रुद्राभिषेक पूजा में हुआ शामिल - रंजीत राज
भोजपुर: जगदीशपुर स्थित छठिया पोखरा के समीप शिव मंदिर में आचार्य श्री अरुण कुमार पाण्डेय के सानिध्य में महाशिवरात्रि के शुभ अवसर पर रुद्राभिषेक पूजा किया गया। बतादें कि शिवपुराण के रुद्र संहिता में सावन मास में रुद्राभिषेक का विशेष महत्व बताया गया है। मान्यता है कि रुद्राभिषेक करने से भगवान शिव हर मनोकमना पूरी करते हैं। साथ ही इससे ग्रह जनित दोष और रोगों से भी मुक्ति मिलती है। सनातन धर्म में यह सबसे शक्तिशाली और प्रभावशाली पूजा मानी जाती है। रुद्राभिषेक का अर्थ है भगवान शिव के रुद्र रूप का अभिषेक करना। सावन में शिवलिंग पर रुद्र मंत्रों के द्वारा शिवलिंग का अभिषेक किया जाता है। वर्तमान समय में अभिषेक रुद्राभिषेक के रूप में ही विश्रुत है। भगवान शिव के कई अभिषेक होते हैं लेकिन रुद्राभिषेक का अपना अलग स्थान है। यह श्रेष्ठ ब्रह्मणों द्वारा करवाया जाता है। अपनी जटाओं में पतित पावनी मां गंगा को धारण करने वाले शिव को रुद्राभिषेक की जलधारा विशेष प्रिय है। पुराणों के अनुसार, सर्वदेवात्मको रुद्र: सर्वे देवा: शिवात्मका: अर्थात् सभी देवताओं की आत्मा में रुद्र उपस्थित हैं और सभी देवता रुद्र की आत्मा...